प्रेम और दार्शनिकता का कवि

प्रेम और दार्शनिकता का कवि

हिंदी समाज में ऐसे लोग अब बहुत कम बचे रह गए हैं जो अपने व्यक्तित्व में सांस्कृतिक बहुलता और अपनी भाषा में सचाई, शराफत और नैतिकता की रौशनी लेकर चलते हों. कुंवर नारायण ऐसे ही मनुष्य और लेखक थे. उनके जाने से दुर्लभ गुणों वाले एक व्यक्ति का अवसान हो गया है और हिंदी कविता…